
कोलकाता High Court के जस्टिस Abhijit Gangopadhyay ने जैसे ही ऐलान किया की वो इस्तीफा देकर राजनीति की ओर कदम बढ़ा रहे है वैसे ही पश्चिम बंगाल के राजनीति में हलचल सी मच गई Abhijit Gangopadhay वर्तमान में श्रग मामलों और उद्योगिक सम्बंधों से सम्बन्धित मामलों की सुनवाई कर रहे है। पश्चिम बंगाल में हो रहे भ्रष्टाचार पर TMC सरकार पर तीखा हमला बोला है।
जस्टिस गंगोपाध्याय ने TMC सरकार पर क्या है?
जस्टिस गंगोपाध्याय ने कहा राज्य बेहद बुरे दौर से गुजर रहा है, यहां चोरी और लूट का राज्य चल रहा है। एक बंगाली होने के नाते मैं इसे स्वीकार नहीं कर सकता। मुझे नहीं लगता कि राज्य के वर्तमान शासक लोगों के लिए कोई अच्छा काम कर सकता है वहीं सूत्रों से मिली जानकारी के अनुसार, जस्टिस अभिजीत गंगोपाध्याय जल्द ही BJP को ज्वाइन कर सकते है।
जस्टिस गंगोपाध्याय के वर्तमान कार्यकाल के दौरान उनकी कई अदेश बंगाल सरकार के खिलाफ गई है।
जस्टिस अभिजीत गंगोपाध्याय, जो पाश्चिम बंगाल के करोडों रूपये के शिक्षक भर्ती घोटाले में अपने फैसलों और टिप्पणियों के लिए पूरे 2022 के दौरान सुर्खियों में रहे थे, 2023 में फिर से राज्य की राजनीतिक हलकों में बहस के केन्द्र में पाए गए।
इनके नाम की चर्चा सबसे ज्यादा शिक्षक भर्ती घोटाले की सुनवाई के दौरान हुई, जस्टिस अभिजीत गंगोपाध्याय ने ममता बनर्जी सरकार से लेकर पार्थ चटर्जी तक को उन्होने निशाने पर लिया।
अभिजीत गंगोपाध्याय कौन है?
अभिजीत गंगोपाध्याय का जन्म 1962 में कोलकाता में हुआ था. गंगोपाध्याय ने कोलकाता में एक बंगाली- माध्यम स्कूल मित्र संस्थान में पढ़ाई की।
गंगोपाध्याय के पिता जी बंगाल के माने जाने वकील थे। इन्होने अपनी पढ़ाई हाजर लाॅ कालेज से की गंगोपाध्याय 2 मई, 2018 को एक न्यायधीश के रूप में उच्च न्यायालय में शामिल हुए और 30 जुलाई 2020 को एक स्थायी जज बने । गंगोपाध्याय जी कहते है कि मैं लोगों की सेवा काना चाहता हूँ यह तभी सम्भव है जब वह राजनीति में कदम रखेंगे।